पुराने नीम के पेड़ को बचाने के लिए पिता-पुत्री ने जिलाधिकारी से लगाई गुहार, जांच की मांग

बीआर दर्शन | बक्सर
शहर के जहाज घाट पर एक हरे-भरे और विशाल नीम के पेड़ को कटने से बचाने की मांग लेकर शुक्रवार को स्थानीय संतोष कुमार अपनी बेटी के साथ जिलाधिकारी के पास पहुंचे। उन्होंने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंप पेड़ को बचाने की गुहार लगाई।

संतोष कुमार का कहना है कि जहाज घाट एवं उसके आसपास इतना विशाल और पुराना नीम का पेड़ दूसरा नहीं है। ऐसे में वर्षों पुराने इस हरे-भरे पेड़ को काटने से पहले उसके पर्यावरणीय महत्व, उपयोगिता और संरक्षण की संभावनाओं पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए।

उन्होंने सवाल उठाया कि यदि वन विभाग द्वारा पेड़ काटने की अनुमति दी गई है, तो क्या पेड़ काटने के दौरान विभाग का कोई जिम्मेदार कर्मचारी मौके पर मौजूद नहीं होना चाहिए?

संतोष कुमार ने स्पष्ट किया कि उन्हें किसी वैधानिक प्रक्रिया से आपत्ति नहीं है। यदि पेड़ काटने की अनुमति नियमानुसार दी गई है, तो संबंधित विभाग इसे स्पष्ट करे। लेकिन पूरी प्रक्रिया की पारदर्शिता और निष्पक्ष जांच आवश्यक है।

इस मुहिम में अपनी बेटी को साथ लेकर पहुँचे संतोष कुमार का प्रयास यह संदेश देता है कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार या प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। उनकी मांग है कि नीम के इस हरे-भरे पेड़ को बचाने की हरसंभव कोशिश की जाए और पेड़ काटने की अनुमति एवं संबंधित प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच कराई जाए।




