खेत में मिला चार दिन से गायब मजदूर का सड़ा-गला शव, परिजनों ने जताई हत्या की आशंका

बीआर दर्शन | बक्सर
मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बनारपुर गांव में चार दिनों से लापता अधेड़ मजदूर का सड़ा-गला शव मंगलवार को गांव के बाहर एक बैंगन के खेत से बरामद हुआ। शव बरामद होने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। शव की स्थिति इतनी खराब हो चुकी थी कि चेहरे से पहचान करना मुश्किल था। बाद में परिजनों ने कपड़ों के आधार पर शव की पहचान स्थानीय गांव निवासी केदार चौधरी (55), पिता स्व. विश्वनाथ चौधरी के रूप में की। घटना के बाद परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए मामले की जांच की मांग की है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया। पुलिस घटना की जांच में जुट गई है। घटना की सूचना पर मुफस्सिल थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस के साथ फॉरेंसिक टीम भी घटनास्थल पर पहुंची और मौके से साक्ष्य जुटाए।

मिली जानकारी के मुताबिक मृतक केदार चौधरी पिछले चार दिनों से गायब थे। मंगलवार की सुबह गांव का एक युवक खेत के पास सब्जी तोड़ने के लिए गया था। इसी दौरान उसकी नजर बैंगन के पौधों के बीच पड़े शव पर पड़ी। शव देखते ही युवक ने इसकी जानकारी गांव के लोगों को दी। कुछ ही देर में मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। सूचना मिलने के बाद परिजन भी घटनास्थल पर पहुंचे। शव की हालत देखकर पहले उसकी पहचान चेहरे से नहीं हो सकी। शव काफी सड़ चुका था और उसमें कीड़े लग गए थे। बाद में कपड़ों को देखकर परिजनों ने उसकी पहचान केदार चौधरी के रूप में की।

मृतक के बेटे धन्नू चौधरी ने बताया कि उनके पिता करीब एक सप्ताह पहले बाबा धाम से घर लौटे थे। शुक्रवार की शाम वह घर से घूमने के लिए निकले थे, लेकिन इसके बाद वापस घर नहीं लौटे। काफी देर तक घर नहीं लौटने पर परिवार के लोगों ने उनकी तलाश शुरू की। चार दिनों तक रिश्तेदारों और परिचितों के यहां फोन कर जानकारी ली गई। गांव और आसपास के इलाकों में भी उनकी खोजबीन की गई, लेकिन उनका कोई सुराग नहीं मिला।

धन्नू चौधरी ने बताया कि मंगलवार की सुबह गांव में घर से करीब पांच सौ मीटर दूर खेत में शव मिलने की सूचना मिली। परिजन मौके पर पहुंचे तो शव की स्थिति बेहद खराब थी। चेहरा पूरी तरह बिगड़ चुका था, लेकिन कपड़ों से पहचान हो गई। परिजनों ने आरोप लगाया कि पिता की हत्या कर शव को खेत में लाकर फेंका गया है। हालांकि उन्होंने यह भी बताया कि उनके पिता की किसी से कोई बड़ी दुश्मनी नहीं थी। उन्होंने बताया कि उनके पिता मजदूरी करते थे और चार दिन पहले ईंट भट्ठा पर काम करने के बाद करीब नौ से दस हजार रुपये लेकर घर आए थे। वह शराब का सेवन भी करते थे। परिजनों के अनुसार परिवार में चार भाई और दो बहन हैं। एक बहन की शादी हो चुकी है, जबकि दूसरी बहन की शादी होनी बाकी है।

सदर एसडीपीओ गौरव पाण्डेय ने बताया कि शव देखने से प्रथम दृष्टया करीब चार दिन पुराना प्रतीत हो रहा है और शव में कीड़े भी लग गए हैं। मृतक चार दिनों से लापता था। उसकी मौत किन परिस्थितियों में हुई और मौत का कारण क्या है, इन सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा।




