चौसा थर्मल में स्थानीय युवकों की बहाली समेत विभिन्न मांगो को लेकर 10 जनवरी को होगा किसानों का विशाल महाधरना

बीआर दर्शन | बक्सर
बनारपुर पंचायत भवन पर रविवार को चौपाल का आयोजन किया गया।किसानों एवं मजदूरों के चौपाल को संबोधित करते हुए संयुक्त किसान मोर्चा बिहार के नेता दिनेश कुमार ने कहा किसानों के सामने एकमात्र विकल्प करो या मरो वाली स्थिति हो गई है। इसलिए संघर्ष के बिना कुछ भी मिलने वाला नहीं है।


किसान महाभारत के पहले कृष्ण के रूप में सरकार और चौसा थर्मल के प्रबंधन से मांग करने 10 जनवरी को चौसा थर्मल गेट पर जाएंगे और धरना देकर अपनी मांगों को रखेंगे। यदि हमारी मांगों को सरकार और चौसा थर्मल प्रबंध नहीं मानी तो किसान मजबूर होकर अपने संघर्षो को तेज करेंगे। एस के एम के नेता अशोक प्रसाद सिंह ने कहा कि चौसा थर्मल प्रबंधन की मनमानी बर्दाश्त से बाहर है। उन्होंने कहा की चौसा थर्मल का प्रदूषण से बीमार चौसा के लोग होंगे और मौज हिमाचल के लोग करेंगे। इसे हम कतई स्वीकार नहीं करेंगे। चौसा और बक्सर के किसान मजदूर छात्र नौजवान संगठित होकर अपने हक के लिए अपनी आवाज को बुलंद करने 10 जनवरी को थर्मल गेट पर पहुंचेंगे, जोरदार ढंग से अपने सवालों को उठाएंगे। यदि प्रबंधन ने हमारी मांगे नहीं मानी तो ऐसी परिस्थिति आ सकती है की चौसा थर्मल में किसी बाहरी को थर्मल प्लांट में घुसने नहीं देंगे और जरूरत पड़ी तो हम आगे की कार्रवाई करने को भी मजबूर होंगे। प्रभावित किसान खेतिहर मजदूर मोर्चा द्वारा आयोजित किसान चौपाल की अध्यक्षता शिवमुरत राजभर ने की तथा मंच संचालन डाॅ विजय नारायण राय द्वारा किया गया।


मुख्य अतिथि भारतीय किसान यूनियन बिहार झारखंड प्रदेश अध्यक्ष दिनेश कुमार सिंह, बिहार राज्य दुग्ध उत्पादक संघ प्रदेश अध्यक्ष अशोक प्रसाद तथा जिला पार्षद पुजा कुमारी के अतिरिक्त प्रमुख वक्ताओं में बनारपुर ग्रामपंचायत के मुखिया ममता देवी, नंदलाल सिंह, रामप्रवेश सिंह, नरेन्द्र तिवारी, शैलेश राय, ब्रजेश राय, अश्विनी चौबे, मुन्ना तिवारी, शिवदयाल सिंह, मेराज खान सहित बड़ी संख्या में किसान, बेरोजगार नौजवान, महिला मजदूर एवं STPL परियोजना से प्रभावित स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे।



